इम्प्लांटेशन सबसे ज़्यादा संभावना इस समय के आसपास है
इम्प्लांटेशन क्या है?
इम्प्लांटेशन वह समय है जब निषेचित अंडा, जो अब कोशिकाओं का एक गोला बन चुका होता है और जिसे ब्लास्टोसिस्ट कहते हैं, आपके गर्भाशय की अंदरूनी परत से जुड़ जाता है। इम्प्लांटेशन के बाद बनता हुआ प्लेसेंटा (आंवल) hCG बनाना शुरू करता है, वही हॉर्मोन जिसका प्रेगनेंसी टेस्ट पता लगाते हैं।
इम्प्लांटेशन कब होता है?
इम्प्लांटेशन आमतौर पर ओव्यूलेशन के 6 से 12 दिन बाद होता है। प्राकृतिक गर्भधारण पर एक जाने-माने शोध में, जो गर्भावस्थाएं आगे चलीं उनमें से ज़्यादातर में इम्प्लांटेशन ओव्यूलेशन के 8 से 10 दिन बाद हुआ था। कैलकुलेटर आपकी ओव्यूलेशन की तारीख (अगली संभावित माहवारी से 14 दिन पहले) का अनुमान लगाकर यही समय दिखाता है।
इम्प्लांटेशन के लक्षण
ज़्यादातर महिलाओं को कुछ महसूस नहीं होता। कुछ को हल्की स्पॉटिंग (इम्प्लांटेशन ब्लीडिंग) या हल्की ऐंठन होती है। ये लक्षण भरोसेमंद नहीं हैं, क्योंकि ये माहवारी से पहले भी हो सकते हैं। पक्का जानने का एकमात्र तरीका प्रेगनेंसी टेस्ट है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
इम्प्लांटेशन के कितने दिन बाद मैं टेस्ट कर सकती हूं?
घर पर किए जाने वाले टेस्ट में दिखने लायक hCG बढ़ने में कुछ दिन लगते हैं। जिस दिन माहवारी आनी थी, उस दिन से टेस्ट करने पर सबसे भरोसेमंद नतीजा मिलता है।
इम्प्लांटेशन ब्लीडिंग कैसी दिखती है?
यह आमतौर पर हल्की गुलाबी या भूरी स्पॉटिंग होती है जो कुछ घंटों से दो-एक दिन तक रहती है, माहवारी से काफ़ी हल्की। अगर खून ज़्यादा आए या दर्द हो तो अपने डॉक्टर से संपर्क करें।
क्या मेरी जानकारी सेव होती है?
नहीं। हिसाब आपके ब्राउज़र में ही होता है और कुछ भी सेव नहीं किया जाता।