प्रसव के बाद रिकवरी: जन्म के बाद के हफ्तों में आपका शरीर और भावनाएं

जन्म के बाद क्या सामान्य है, अपने शरीर और मन का ध्यान कैसे रखें, प्रसव के बाद की जांच कब कराएं और किन चेतावनी संकेतों पर तुरंत मदद लेनी चाहिए।

जन्म के बाद के हफ्ते आपके शरीर और मन के लिए बड़े बदलावों का समय होते हैं, और साथ ही आप एक नवजात शिशु की देखभाल भी कर रही होती हैं। यह गाइड बताती है कि क्या सामान्य है, अपना ध्यान कैसे रखें और किन चेतावनी संकेतों पर तुरंत मदद लेनी चाहिए।

जन्म के बाद आपका शरीर

  • खून आना: जन्म के बाद योनि से खून आएगा, जो शुरू में ज़्यादा और लाल होता है और अगले कुछ हफ्तों में धीरे-धीरे कम और हल्के रंग का हो जाता है।
  • प्रसव के बाद का दर्द: गर्भाशय के वापस सिकुड़ने से ऐंठन होती है, जो अक्सर स्तनपान के दौरान ज़्यादा महसूस होती है।
  • दर्द और सूजन: टांके, फटन या सिज़ेरियन के घाव को भरने में समय लगता है। उस जगह को साफ़ रखें और पूछें कि स्तनपान के दौरान कौन-सी दर्द की दवा सुरक्षित है।
  • पेल्विक फ्लोर: थोड़ा-सा पेशाब निकल जाना आम है। नियमित पेल्विक फ्लोर व्यायाम मूत्राशय, योनि और गुदा के आसपास की मांसपेशियों को मज़बूत करने में मदद करते हैं।

आपकी भावनाएं

जन्म के बाद कुछ दिनों तक रोना आना, घबराहट या चिड़चिड़ापन महसूस होना बहुत आम है। ये “बेबी ब्लूज़” आमतौर पर 2 हफ्तों के अंदर ठीक हो जाते हैं। अगर उदासी, घबराहट या किसी चीज़ में मन न लगना इससे ज़्यादा समय तक रहे या बढ़ जाए, तो यह प्रसव के बाद का अवसाद हो सकता है। यह एक आम समस्या है जो गर्भावस्था के दौरान या जन्म के बाद साल भर में कभी भी शुरू हो सकती है। इसका इलाज हो सकता है, इसलिए अपने डॉक्टर, दाई या हेल्थ विज़िटर से बात करें।

प्रसव के बाद की जांच

यूके में जन्म के लगभग 6 से 8 हफ्ते बाद आपके GP के साथ एक जांच की पेशकश की जाती है। यह किसी भी शारीरिक या मानसिक स्वास्थ्य समस्या, आपके टांकों या निशान, गर्भनिरोध और आप कैसे संभाल रही हैं, इन सब पर बात करने का अच्छा समय है। पता करें कि आपके इलाके में कौन-सी फ़ॉलो-अप जांच मिलती है।

गर्भनिरोध

जन्म देने के 3 हफ्ते बाद ही आप फिर से गर्भवती हो सकती हैं, भले ही आप स्तनपान करा रही हों और आपके पीरियड्स वापस न आए हों। आमतौर पर दोबारा गर्भवती होने से पहले कम से कम 12 महीने इंतज़ार करने की सलाह दी जाती है। अपने डॉक्टर या दाई से पूछें कि आपके लिए कौन-सा गर्भनिरोधक सही है।

चेतावनी संकेत: तुरंत मदद लें

  • बहुत ज़्यादा खून आना, खून के बड़े थक्के, या खून का अचानक ज़्यादा आने लगना
  • बुखार, कंपकंपी, या घाव का लाल होना, सूज जाना या उससे बदबू आना
  • तेज़ सिरदर्द जो ठीक न हो, नज़र में बदलाव, या चेहरे या हाथों पर अचानक सूजन
  • सीने में दर्द, सांस लेने में तकलीफ़ या दिल की तेज़ धड़कन
  • एक पैर में दर्द, सूजन या लालिमा
  • खुद को या अपने शिशु को नुकसान पहुंचाने के विचार

अगर इनमें से कुछ भी हो, तो तुरंत अपने डॉक्टर या मैटरनिटी यूनिट से संपर्क करें या अपने स्थानीय इमरजेंसी नंबर पर कॉल करें।

हमारी शिशु महीने-दर-महीने गाइड के साथ अपने शिशु के पहले महीनों पर नज़र रखें।

चिकित्सा दिशानिर्देशों पर आधारित

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यह लेख केवल जानकारी के लिए है और डॉक्टर या दाई की सलाह का विकल्प नहीं है।